29/08/10

पाकिस्तानियों द्वारा हजारों करोड़ की भारतीय संपत्ति को हड़पने की कोशिश

ऐसा लगता है कि मुस्लिम वोट के लिए काँग्रेस  की संप्रग सरकार पूरी तरह अंधी हो चुकी है। उसे राष्ट्रहित बिल्कुल भी नहीं दिखाई दे रहा है। दिखाई दे रहा है तो सिर्फ सत्ता और सत्ता प्राप्त करने के लिए मुस्लिमों का थोक वोट। जी हाँ, इसी वोट के लिए यह सरकार एक ऐसा देशघातक काम कर चुकी है, जिसका दुष्परिणाम हिन्दू समाज को भुगतना पड़ेगा। यह देशघातक काम है शत्रु सम्पत्ति (संशोधन और विधिमान्यकरण) विधेयक-2010 में संशोधन। उल्लेखनीय है कि यह विधेयक गृह राज्यमंत्री अजय माकन द्वारा 2 अगस्त को लोकसभा में प्रस्तुत किया गया था। विधेयक का उद्देश्य था बँटवारे के समय पाकिस्तान गए मुस्लिमों और भारत में रह रहे उनके रिश्तेदारों को भारत स्थित अपने पूर्वजों की सम्पत्ति को प्राप्त करने से रोकना। यह सम्पत्ति सरकार के कब्जे में है और इसे शत्रु सम्पत्ति कहा जाता है।पुरी खबर आप यहां पढे.....

20 comments:

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक said...

वोटों की जीवनघुट्टी पी हो गये पुष्ट हैं मतवाले।
कुछ काम नहीं बैठे-ठाले
करते हैं केवल घोटाले!
सभ्यता इन्हीं के हाथों में
सिर धुनती आँखे मलती है!

प्रवीण पाण्डेय said...

क्या होगा देश का?

rashmi ravija said...

बहुत ही चिंताजनक....

VICHAAR SHOONYA said...

इस देश से पूरा मुआवजा लेकर पाकिस्तान भागे मुसलमानों को उनकी सम्पत्तिय वापस कर दी जाएँ , कश्मीर में आतंकियों को स्वायतत्ता दे दी जाय और देशभक्ति की बात करने वालों को भगवा आतंकवादी करार दे दिया जाय....जय कांग्रेस...जय इटली वाली देवी की.....

P.N. Subramanian said...

बड़ी निराशाजनक खबर है जी

ताऊ रामपुरिया said...

अब क्या कहें? यहां कुछ बोलना बेकार है, होगा वही जो हमरे आका चाहेंगे.

रामराम.

नरेश सिह राठौड़ said...

इसी लिए तो नेताओं को दलाल की उपाधी देते है |

पी.सी.गोदियाल said...

सत्ता प्राप्ति और उसे अपने पास बनाये रख्ने के लिये कौन्ग्रेस इस् देश को भी गिरवी रख सकती है, और गौर करे तो रख चुकी है !

डॉ. मोनिका शर्मा said...

सत्ता के लिए कुछ भी करेंगें
baki to godiyal ji aur vichar soonya ki baaton se poori tarah sahmat

मनोज कुमार said...

स्थिति गंभीर है।

पं.डी.के.शर्मा"वत्स" said...

उफ्फ्! अंजाम-ए-गुलिस्तां बहुत अच्छे से दिखाई देने लगा है.......

Udan Tashtari said...

चिन्ता का विषय है.

जी.के. अवधिया said...

"ऐसा लगता है कि मुस्लिम वोट के लिए काँग्रेस की संप्रग सरकार पूरी तरह अंधी हो चुकी है। उसे राष्ट्रहित बिल्कुल भी नहीं दिखाई दे रहा है। दिखाई दे रहा है तो सिर्फ सत्ता और सत्ता प्राप्त करने के लिए मुस्लिमों का थोक वोट।"

यह कोई नई बात थोड़े ही है। तुष्टिकरण नीति के तहत कांग्रेस ने तो देश के टुकड़े होना स्वीकार कर लिया था।

महफूज़ अली said...

क्या होगा देश का?

शिवम् मिश्रा said...

एक बेहद उम्दा पोस्ट के लिए आपको बहुत बहुत बधाइयाँ और शुभकामनाएं !
आपकी पोस्ट की चर्चा ब्लाग4वार्ता पर है यहां भी आएं !

hem pandey said...

मुस्लिम तुष्टिकरण के लिए कुछ भी करेगा.

डा. अरुणा कपूर. said...

यह वाकई चिंता का विषय है!....आपने सही समय पर सही मुद्दे पर लेख प्रस्तुत किया है, धन्यवाद!

सत्यप्रकाश पाण्डेय said...

गंभीर स्थिति है,क्या होगा देश का?
यहाँ भी पधारें :-
अकेला कलम
Satya`s Blog

बेचैन आत्मा said...

यह खबर तो बड़ी भयानक है। इस खबर को पेश करने का अंदाज भी भयावह है। देर सबेर सरकार को कानून में संशोधन तो करना ही पड़ेगा। देखें तब तक कितने करोण का चूना लगता है!

डॉ महेश सिन्हा said...

गलती तो जनता की है जो काँग्रेस को वोट देती है