02/08/08

एक रुप यह भी ?

आप ने बहुत सी सब्जिया ओर फ़ल देखे होगे ,अजी खाये कया खाते भी होगे, लेकिन हमारे बगीचे मे आओ फ़िर आप दाल चावल ओर रोटी ना भुल जाओ तो कहना, लेकिन थोडा सम्भंल कर,अभी से मुंह मे पानी मत लाओ, पहले प्यार से देख तो लो फ़िर बात चीत भी कर लेगे,अजी खाने के लिये भी दुकान का रास्ता दिखा देगे,पहले आओ बेठो पसंद करो आगे की बात बाद मे..... हमारी बगीची पसंद आये या ना आये लेकिन बताना जरुर अच्छी लगी या बहुत अच्छी या फ़िर बहुत ही... ब ड ई या, तो आओ चले मेरी प्यारी प्यारी बगीची मे......


















26 comments:

Anil Pusadkar said...

mazedaar lazzatdar shaandar

महामंत्री-तस्लीम said...

वाह वाह वाह।
गजब की कलाकारी की है आपने।
मैं तो सिर्फ आपको बधाई ही दे सकता हूं।

jasvir saurana said...

bhut badhiya hai.

vivek chauhan said...

are vah. bhut achhe. ek baar kisi shadi me gya tha tab sabjiyo ke aese cartoon dekhe the.

pallavi trivedi said...

badi mazedaar bagiya hai aapki...

रंजना [रंजू भाटिया] said...

बगिया है कि चिडिया घर या अजायबघर :) अच्छा है पर खायेगा कौन इन्हे :)

P. C. Rampuria said...

भाटियाजी बहुत सुंदर और देख कर आँखे भी
तृप्त हो गई ! जबान तृप्त करण की परमिशन
ना सै म्हाने तो ! इस बनाण आला कै साथ
साथ थमनै भी घण्णा धन्यवाद ! पुरे ५ स्टार !

बाल किशन said...

वाह वाह वाह
गजब की कलाकारी की है आपने.
बधाई.

शोभा said...

वाह क्या बात है। चित्र बहुत सुन्दर हैं।

Anonymous said...

बहुत ही लज्जतदार

Gyandutt Pandey said...

गजब!

योगेन्द्र मौदगिल said...

Bhai wah Bhatiya ji.......
Kamaal hai....
GAZAB.....
Mujhe aap se irshya ho rahi hai ki sabziyon me jo mazaa aapne dhoonda main kyon nahi dhoond payaa..
aapko badhaiiiiiiiiiiiiiiiiii

Anonymous said...

kuch phalon par mujhe aapatiyan hai ... ye aap ko shobha nahi dete hai ...main aap ka chahne wala hun ..do tasveer hata dijiye ..aap mere pita samaan hai main aap ki izzat karta hun ..ye aap jaise suljhe hue insaan ko shobha nahi deta hai ...baaki sab accha hai ...thnxxx.....sir maaf kijiyega lekin plz bura mat maaniyega ..meri nazar mein aap ki bahut izzat hai sir.. take care ..

राज भाटिय़ा said...

अनामी भाई, मे जरुर उन फ़लो के चित्र हटा दुंगा, जिन से आप कॊ एतराज हे ,कम से कम अपने नाम से आओ,अगर यहां अपना नाम नही देना चाह्ते तो मुझे e mail कर सकते हो, मेरा e mail rajbhatia007@gmail.com हे, फ़िर बताओ कोन सा चित्र हटाना हे, जरुर हटा
दुगा, अगर e mail करते हो तो मे किसी को नही बताऊ गा आप के बारे, लेकिन अपने नाम से आओ, धन्यवाद

fundebaj said...

भई भाटिया जी चोला तृप्त हो गया ! बहुत सुंदर !
मन मोहक ! और दिखाओ आप तो !

राज भाटिय़ा said...

अनामी भाई मेने कोई गलत चित्र नही डाला, यह सब कुदरती हे,शायद आप को कोई चित्र अच्छा नही लगा,लेकिन क्यो ?अच्छी नजर से देखो,सब अच्छा ही दिखेगा, फ़िर भी बताओ तो सही किस चित्र पर आपत्ति हे, ओर क्यो ??

GIRISH BILLORE MUKUL said...

dada
do chitr ko chhod ke saba theek hain abhee bhee uda deejie posat se
jo hamaare lie nayaa thaa vo to theek hai jisase hamara roz vasta rahataa hai vo kyon........?
shesh 14 ke lie shubhakaamanaaen
maatr evam pitr kshetr ke lie maaf karo bhai

GIRISH BILLORE MUKUL said...

भाई मेने कोई गलत चित्र नही डाला, यह सब कुदरती हे,शायद आप को कोई चित्र अच्छा नही लगा,लेकिन क्यो ?अच्छी नजर से देखो,सब अच्छा ही दिखेगा, फ़िर भी बताओ तो सही किस चित्र पर आपत्ति हे, ओर क्यो ??
भइया वैसे मै वो अनाम नहीं कितु आज जब पोस्ट पे गया तो मुझे
लिंग और योनी की अनुकृतियों से कोफ्त हुई एक बार लगा की शायद आपसे भूल वश ये हुआ किंतु दादा जब अनाम दास के नाम आपने जो लिखा उससे लगा की ...........
अब मैं आपका छोटा भाई इन चित्रों को हटाने का अनुरोध मात्र कर रहा हूँ
सादर क्षमा याचना के साथ
मुकुल

राज भाटिय़ा said...

मुकुल जी,अब ठीक हे,आप की बात मान ली.

डा. अमर कुमार said...

.

भाटिया जी, यह न कहियेगा कि बताया नहीं ।
यह चित्र चोरी करने लायक हैं .. और चोरी तो दूर,
मैं तो समय आने पर अपने ' अचपन पचपन.. ' के लिये डकैती डालूँगा ।
बाद में भले ही गाना पड़ जाये..
तेरा तुझको अरपन..क्या लागे मेरा ऽ, ॐ जय..

राज भाटिय़ा said...

आप सभी का धन्यवाद, डा० साहिब जेसा आप चाहे, आप का स्वागत हे

सतीश पंचम said...

अरे वाह.....इतने बढिया कलेक्शन को देख दिल खुश हो गया.....बहुत बढिया।

Anonymous said...

अनामी भाई मेने कोई गलत चित्र नही डाला, यह सब कुदरती हे,शायद आप को कोई चित्र अच्छा नही लगा,लेकिन क्यो ?अच्छी नजर से देखो,सब अच्छा ही दिखेगा, फ़िर भी बताओ तो सही किस चित्र पर आपत्ति हे, ओर क्यो ??



***अनाम ....भाटिया जी ..मैं आप की तारीफ़ करते करते अपनी बहन को आप के बारे में बता रहा था .उस वक्त मैं ने आप के ब्लॉग को देखा ..साथ में बहन थी ..क्या आप अपनी बेटी या बेटे के साथ ये चित्र देख सकते है .. माफ़ कीजियेगा ..कुछ चीजे होती है जो आप जैसे महान व्यक्ति को नहीं करनी चाहिए .. और हाँ मेरी नज़र अच्छी है नहीं तो मैं आप को माहन वियक्ति की पंक्ति में नहीं खडा करता ...अपना ख़याल रखियेगा ...

Anonymous said...

चित्र हटवाने के लिए मुकुल जी का धन्यवाद ....annam

GIRISH BILLORE MUKUL said...

dada aapaka aabhaaree hoon

राज भाटिय़ा said...

भाई जहां मे रहता हु, वहां यह सब कुछ भी नही,इसी लिये शायद मेने सोचे समझे बिना यह चित्र डाल दिये,माफ़ी चाहता हु.अनामी भाई मां बहन क्र बेटिया सब की एक सी होती हे, अगर आप अपने नाम से आते तो मे तब भी हटा देता,
मुकुल जी आप का भी धन्यवाद