29/04/08

मुझे शिकायत हे

हमारा देश एक धर्म निर्पेक्ष देश हे,ओर हर देशवासी को आधिकार हे अपने धर्म को अपने ढंग से मानने की,लेकिन जब मेरी आजादी दुसरे को हानि पहुचाये तो....
मुझे शिकायत हे हर उस व्याक्ति से जॊ अपने धर्म स्थान पर लाउडस्पिकर लगा कर ओर ऊची आवाज मे बुजुर्गॊ को, स्कुली बच्चो को तगं करता हे, कया हमारे सब के धर्मो के ईश्बर बहरे हे जिन के लिये सुबह सुबह ऊची आवाज मे उसे बुलाना पडता हे,या उसे शोर पसंद हे, नही ना, तो फ़िर हम यह दिखावा करते हे कया ?किस के लिये, इन सब करने से हमे पाप लगता हे पुन्य का काम नही, क्यो की जिस ने भी अपने ईष्ट कॊ याद करना हे , वो तो मन ही मन याद करे गा, फ़िर क्यो हम बच्चो की पाढाई खराब कर के उन की बददुया लेते हे , क्यो बुजुर्गो की, बिमार आदमी की आत्मा से बददुये लेते .हे

12 comments:

SUNIL DOGRA जालि‍म said...

जी शिकायत जायज़ है.... लेकिन कई बार लोग ख़ुशी के नशे में न चाहते हुए भी दूसरों को कष्ट दे देते हैं.... लेकिन इसमें बदले की भावना नहीं होनी चाहिए ...

दिनेशराय द्विवेदी said...

बिलकुल जायज शिकायत है। इन पर प्रतिबन्ध के आदेश निकलते हैं, लेकिन कभी कार्यवाही नहीं होती।

अभिषेक ओझा said...

आपकी शिकायत तो एकदम सही है, मुझे बड़ा ही कटु अनुभव रहा है इस बात का ... हमारे IIT के होस्टल के पास ही IIT का परिसर ख़त्म होता था और गाँव शुरू, रात को और खासकर गर्मियों में जो परेशानी हमें होती थी ... अब क्या बतायें! कई बार IIT प्रशासन ने भी ये सब रोकने कि कोशिश कि पर कुछ ख़ास सफलता हाथ नहीं लगी.

samshad ahmad said...

आपने देखा होगा कि जो ख़ुद बहरे होते हैं वो दूसरो को भी बहरा समझते हैं इसलिए मेरा ख्याल है कि इश्वर तो शायद बहरा नहीं हैं हाँ ऐसी हरकत करने वाले जरुर बहरे हैं शायद अंधे भी. आपकी शिकायत जायज है मेरी भी दर्ज कीजिये

Udan Tashtari said...

सेम पिंच-मुझे भी सेम टू सेम शिकायत है. :)

एक बात:

मुझे शिकायत है-के नाम से नया ब्लॉग शुरु करें. जिसमें लोग अपनी शिकायतें भेंजे और आप उसे छापें. ---सुझाव है यह-शिकायत नहीं.

praney ! said...

@Udan Tastri, I used to read such kinda article in Hindi magzine 'Sarita'. Later I stopped paying for that magzine cause I had 'Shikayats' with their various articles.

Nice suggestion, I vote for you. :)

DR.ANURAG ARYA said...

धर्म भी कुछ लोगो के लिए कमाई का जरिया है...आज सुबह आते आते देखा की रोड ब्लाक करके जगराते के लिए टेंट गाडा जा रहा है .....बड़ी कोफ्त हुई......

rohitler said...

कड़वा सच.... सच्ची शिकायत

vikas pandey said...

Raj ji, your agony is justfied. Most of the times people tend to forget that their celebration or method of prayer can create disturbance for others.

Vikas

mamta said...

बिल्कुल सही शिकायत है।

राज भाटिय़ा said...

आप सभी का बहुत बहुत धन्यवाद

राज भाटिय़ा said...

समीर जी आप की बात उचित लगी,अभी बच्चो को बोल कर नया ब्लोग बनाते हे. धन्यवाद राय देनेके लिये.